कारण-चक्कर आने का सामान्य कारण कान की अर्धगोलाकार नली में विषाणुओं का संक्रमण होता है। खेल-कूद,अत्यधिक श्रम,दिमागी कमजोरी तथा आँखो की गड़बड़ी से भी ऐसा होता है।
लक्षण-जब चक्कर आते हैं। तो ऐसा लगता है। जैसे आस-पास का सारा वातावरण घूम रहा है। कई बार चक्कर आने के साथ जी मिचलाता है और उल्टियाँ होने लगती हैं।
नुश्खे-1-गर्मियों में चक्कर आने और आँवले का मुरब्बा या शर्बत लें सकतें हैं।
2-जी मचलाने पर लेट जाना चाहिए।
3-काली मिर्च देसी घी में भूनकर मिश्री मिलाकर खाने से भी लाभ होता है।
4-आँवले और धनिये की बराबर मात्रा का चूर्ण बना लें और इसमें मिश्री मिलाकर 250 ग्राम पानी में छः ग्राम के लगभग चूर्ण को रात में भिगों दें। प्रातः अच्छी तरह छानकर थोडा-थोडा सेवन करने से गर्मियों में चक्कर आने की शिकायत समाप्त हो जाती है।
5-20 ग्राम मुनक्का शुद्ध घी में सेंक कर और थोडा सेंधा नमक मिलाकर खाना भी गुणकारी है।
6-तुलसी के पत्तों के रस में चीनी अथवा शहद मिलाकर सेवन करें।
7-यदि गैस या जिगर की गड़बड़ी के कारण चक्कर आतें हों तो नींबू का रस पानी में मिलाकर पीने से लाभ होगा। यदि सर्दी का मौसम हो तो पानी थोडा गर्म कर लें।
8-बादाम तथा बादामरोगन का प्रयोग करने से दिमागी कमजोरी तथा आँखों की गड़बड़ी में लाभ होता है। खट्टे-तीखे और मसालेदार भोजन का सेवन नहीं करना चाहिए।
विकल्प-1-20 ग्राम मुनक्का शुद्ध घी में सेंककर और थोडा सेंधा नमक मिलाकर खाना भी गुणकारी है।
2-गर्मियों में चक्कर आने पर आँवले का मुरब्बा या शर्बत लें सकतें हैं।
दोस्तों आपने पतंजलि के उत्पादों के बारें में तो बहुत ही सुना व देखा होगा आइये आज हम जानतें हैं कि ये है क्या- पतंजलि योगपीठ ट्रस्ट पतंजलि योगपीठ भारत का सबसे बड़ा योग शिक्षा संस्थान है। इसकी स्थापना स्वामी रामदेव द्वारा योग का अधिकाधिक प्रचार करने एवं इसे सर्वसुलभ बनाने के उद्देश्य से की गयी थी। यह हरिद्वार में स्थित है। आचार्य बालकृष्ण इसके महासचिव हैं। मुख्य कार्य दिव्य योग साधना हिन्दी, अंग्रेजी सहित देश की प्रमुख भाषाओं में योग, आयुर्वेद, संस्कृति, संस्कार व भजनों पर आधारित ऑडियो-वीडियो सामग्री जैसी डी.वी.डी., वी.सी.डी., एम.पी.53 तथा कैसटों के निर्माण व वितरण आदि का प्रबन्ध दिव्य योग साधना द्वारा गाये गये भजनों सहित उनके योग व आयुर्वेद आधारित विषयों पर सौ से भी अधिक डी.वी.डी., वी.सी.डी. व ऑडियो कैसेट का निर्माणादि का प्रबन्धन दिव्य योग साधना द्वारा किया जा चुका है, जिसमें स्वामी जी महाराज द्वारा विभिन्न रोगों के लिये बताये जाने वाले योग-उपचार तथा उनके भजनों पर आधारित भक्ति गीतांजलि व राष्ट्र वंदना की सी.डी. प्रमुख है। योग संदेश योग, आयुर्वेद, संस्कृति, संस्कार व अध्यात्म ...
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